बीजेपी राज में देश के इतिहास में सबसे महंगा डीजल, पेट्रोल, रसोई गैस और डॉलर के मुकाबले सबसे सस्ता भारतीय रुपया हुआ – दीपेन्द्र हुड्डा
· हरियाणा में जनभावना से नहीं बल्कि छल-कपट से वोट चोरी के मैनेजमेंट से बनी हुई सरकार– दीपेन्द्र हुड्डा
· भाजपा के सारे झूठे वायदों को पूरा कराने के लिये मजबूती से संघर्ष करेंगे और भाजपा का घमंड तोड़ेंगे– दीपेन्द्र हुड्डा
करनाल विजय काम्बोज । सांसद दीपेंद्र हुड्डा आज करनाल के एक दर्जन से ज्यादा कार्यक्रमों में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने सनातन धर्म सेवा समिति सामुदायिक केंद्र में शेर प्रताप शेरी द्वारा आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि बीजेपी केवल सत्ता में आने के लिये झूठे वायदे करती है। भाजपा ने बड़े-बुजुर्गों को 6000 रुपये बुढ़ापा पेंशन देने का वायदा किया था। हर महिला को लाडो लक्ष्मी योजना के तहत 2100 देने का वादा किया था, किसानों को धान का 3100 का भाव देने का वादा किया। सरकार बनते ही 500 रुपये में गैस का सिलेंडर देने का वादा किया था, लेकिन आज ही रसोई गैस के दाम 28 रुपये और बढ़ा दिए। भाजपा ने वादा किया था कि एचकेआरएन के तहत भर्तियों को पक्का करेंगे और आगे की भर्तियां कच्ची नहीं पक्की करेंगे। लेकिन पक्का करना तो दूर पहले से काम कर रहे लोगों की नौकरी ही छीन ली। हरियाणा के नौजवानों को एचपीएससी में जगह देंगे लेकिन एचपीएससी एचएसएससी की भर्तियों में ज्यादातर नौकरियां बाहर के प्रदेश के लोगों को मिल रही है। आज बीजेपी की सरकार पूरे देश में पर्चा-खर्चा सरकार साबित हो गयी है यानी करो खर्चा और आउट पर्चा। ऐसी कोई परीक्षा नहीं हुई जिसका पर्चा लीक न हुआ हो। हर साल नीट जैसी परीक्षाओं के पेपर लीक हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि 2014 के पहले भी पीएमटी, जेईई, एम्स जैसी प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाएं होती थीं लेकिन कभी पेपर लीक नहीं होते थे। 2014 के बाद से लगातार पेपर लीक क्यों हो रहे हैं। सत्ता में जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों पर कार्रवाई करने की बजाय सीबीएसई चेयरमैन को कृषि विभाग का सचिव लगाना एक और अन्याय है।
उन्होंने कहा कि महंगाई रिकार्ड स्तर पर पहुंच गयी है। केंद्र और प्रदेश की बीजेपी सरकार के राज में देश के इतिहास में सबसे महंगा डीजल, पेट्रोल, रसोई गैस और डॉलर के मुकाबले सबसे सस्ता भारतीय रुपया हो गया है। आज भी रसोई गैस की कीमतें 28 रुपये बढ़ गई है। जनता कष्ट का जीवन काट रही है लेकिन बीजेपी के मंत्री, सांसद और विधायक अवैध कॉलोनी काट रहे हैं।
सांसद दीपेन्द्र हुड्डा ने कहा कि यही कारण है कि वोट चोरी करके बनी सरकार जनभावना से नहीं अहंकार से चल रही है। सबसे ज्यादा बेरोजगारी आज हरियाणा में है। पढ़े-लिखे बच्चे बिना नौकरी के घूम रहे हैं। पहले पंजाब नशाखोरी में नंबर 1 पर था लेकिन आज हरियाणा नशाखोरी में नंबर 1 पर है। अपराध, पलायन में नंबर 1 बन चुका है हरियाणा। कानून-व्यवस्था चौपट हो चुकी है। दनादन गोलियां चल रही हैं पूरे प्रदेश में फिरौतीराज चल रहा है। बीजेपी सरकार के कार्यकाल में किसानों को एक साल से ज्यादा समय तक आंदोलन करना पड़ा।
750 किसानों को अपनी जान की कुर्बानी देनी पड़ी। आज किसानों को न एमएसपी मिल रहा न यूरिया डीएपी मिल रही है। गरीबों के हक की सारी योजनाएं इस सरकार ने बंद कर दी। एससी, बीसी समाज को हुड्डा सरकार के समय 100-100 गज के जो प्लॉट मिलते थे उसे भी बंद कर दिया।
750 किसानों को अपनी जान की कुर्बानी देनी पड़ी। आज किसानों को न एमएसपी मिल रहा न यूरिया डीएपी मिल रही है। गरीबों के हक की सारी योजनाएं इस सरकार ने बंद कर दी। एससी, बीसी समाज को हुड्डा सरकार के समय 100-100 गज के जो प्लॉट मिलते थे उसे भी बंद कर दिया।उन्होंने कहा कि भाजपा ने हरियाणा में जनभावना से नहीं बल्कि छल-कपट से वोट चोरी के मैनेजमेंट से बनी हुई सरकार है। पूरे देश ने देखा कि हरियाणा में कांग्रेस के पक्ष में स्पष्ट लहर थी। चुनाव में पोस्टल बैलेट में कांग्रेस 90 में से 76 सीटों पर आगे थी। हरियाणा का इतिहास गवाह है कि जिसे पोस्टल बैलेट में बढ़त मिली, सरकार हमेशा उसी की बनी। लेकिन इस बार पोस्टल बैलेट में कांग्रेस ने रिकॉर्ड बढ़त बनाई और EVM खुलते ही नतीजे पूरी तरह पलट गए। खुद प्रदेश के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने सार्वजनिक रूप से कहा कि भाजपा ने सारे इंतजाम कर लिये हैं। उन्होंने बीजेपी सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि हमारी शराफत को हमारी कमजोरी न समझें। अगर बीजेपी सोच रही है कि वो हमें निशाने पर रखेगी तो हम अपने कदम पीछे हटा लेंगे। तो ये उसकी भूल है। हम एक इंच पीछे नहीं हटेंगे, डटे रहेंगे। हम अभी तो पेपर लीक के मुद्दे पर युवाओं को न्याय दिलाने के लिये मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया था। आगे हम भाजपा के सारे झूठे वायदों को पूरा कराने के लिये मजबूती से संघर्ष करेंगे और भाजपा का घमंड तोड़ेंगे।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से करनाल से लोकसभा प्रत्याशी रहे दिव्यांशु बुद्धिराजा, पूर्व विधायक राकेश कंबोज, पूर्व विधायक एवं सीपीएस बख्शी सिंह विर्क, पूर्व विधायक धर्मपाल गोंदर, पूर्व विधायक सुल्तान सिंह जडोला, पूर्व विधायक सुभाष गांगोली, पूर्व विधायक बलबीर बाल्मिकी, पूर्व जिला प्रधान सुरेंद्र नरवाल, जिलाध्यक्ष शहरी पराग गाबा, तेजी मान, शेर प्रताप शेरी, नाहर सिंह संधु, सतपाल रोड, रामसिंह भोला, अनिल जैन सुरेश रोड, सतनाम, सचिन, राजेश चौधरी, प्रदीप शर्मा, जसमेर मान, सचिन बुडनपुर, सुरेश कौशिक, सुरेंद्र गोयत, सतपाल विर्क, सचिन, सुरेंद्र शर्मा, राजेंद्र शर्मा, तरुण चौहान, रणधीर शर्मा, देवेंद्र हुड्डा, जतिन, बिंदर, देवेंद्र, जसवंत, सुखदेव शर्मा, सुरेंद्र, बलवान वाल्मीकि, सतपाल, प्रदीप शर्मा, श्यामलाल गुर्जर, सतीश बलहारा, राजेन्द्र सरपंच समेत बड़ी संख्या में स्थानीय नेता, कार्यकर्ता मौजूद रहे।









