भगवान श्रीकृष्ण अनंत करुणा के सागर, भगवान का नाम ही कलियुग में सबसे बड़ा सहारा : आचार्य लाल मणी

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श्रीमद् भागवत कथा के पांचवे दिन भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं व गोवर्धन पूजा का किया गया वर्णन
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करनाल विजय काम्बोज || शहर की पुरानी अनाज मंडी स्थित श्री खाटू श्याम मंदिर में 23 से 30 नवंबर तक चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवे दिन आचार्य लाल मणी ने भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं व गोवर्धन पूजा का वर्णन किया गया। कथा से पूर्व मंदिर कमेटी के सदस्य और यजमानों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। आचार्य लाल मणी जी ने कहा कि भगवान का नाम ही कलयुग में सबसे बड़ा सहारा है। भाई-बहन के प्रेम, स्नेह और भगवान के वात्सल्य का सुंदर समन्वय करते हुए उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण छोटे-से बालक रूप में गोपिकाओं के घर माखन-रोटी चुराने की लीलाएं करते थे, जिससे भक्तजन प्रेम और भक्ति का संदेश ग्रहण करते हैं। आचार्य ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण अनंत करुणा के सागर हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि पूतना ने स्तनों पर ज़हर लगाकर शिशु कृष्ण को मारने का प्रयास किया, लेकिन प्रभु ने उसे मारकर भी उसे परम पद और बैकुंठ धाम प्रदान किया। भगवान से बढ़कर दयालु कौन हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि भगवान ने संकटा भूर और तृणावर्त जैसे दैत्यों का उद्धार करके यह संदेश दिया कि संसार के भौतिक भोगों को प्रभु से ऊपर नहीं समझना चाहिए। तृणावर्त वध के समय भगवान ने विश्वरूप दिखाकर भक्तों को यह अनुभूति कराई कि वे स्वयं परब्रह्म के अवतार हैं। आचार्य जी ने कुबेर के पुत्र नलकूबर और मणिग्रीव के उद्धार की कथा सुनाकर बताया कि कैसे दामोदर रूप में मां यशोदा द्वारा बांधे जाने के बाद भी कृष्ण ने दोनों को मोक्ष प्रदान किया। दोनों देवपुत्रों की भावपूर्ण प्रार्थना वाणी प्रभु का नाम ले, नेत्र आपके दर्शन करें, कान कथा श्रवण करें और शीश आपके चरणों में झुका रहे। सुनकर पंडाल तालियों से गूंज उठा।वेणु-गीत, गिरिराज पूजन और 56 भोग कथा में ब्रह्मा मोह, नागराज का विग्रह, वेणु-गीत, गो-सेवा और गिरिराज पूजन के दिव्य प्रसंगों का भी वर्णन किया गया। कार्यक्रम के अंत में भक्तों को 56 प्रकार का भोग वितरित किया गया। कथा के दौरान जय श्री श्याम और कान्हा लाला की जय के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा। इस अवसर पर मंदिर के मुख्य सेवक देसराज गुप्ता, राजेश गर्ग, महेंद्र गुप्ता, अनिल गर्ग, रामकरण गोयल, अशोक सिंघला, पवन गुप्ता, राजेश सिंघला, हरीश सहित कमेटी के अनेक सदस्य और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।